दिल्ली-लुधियाना हाईवे पर शक्ति नगर के पास एक पेट्रोल पंप के कर्मचारी द्वारा एक महिला डॉक्टर की गाड़ी में तेल भरते समय कथित तौर पर कुंडी लगाने का मामला सामने आया है। यह मामला अब तेजी से चर्चा का विषय बन गया है।
सोशल मीडिया पर एक वीडियो क्लिप वायरल हो रही है, जिसमें महिला डॉक्टर के परिवार के सदस्य पेट्रोल पंप के कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए हंगामा कर रहे हैं। पेट्रोल पंप के मैनेजर विपन कुमार ने दावा किया है कि उन्होंने इस मामले में दो कर्मचारियों को काम से निकाल दिया है। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की नोडल अधिकारी शिफाली चोपड़ा ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं।
यह घटना उस समय हुई जब महिला डॉक्टर ने अपनी गाड़ी में 1000 रुपये का तेल भरवाया। उन्हें संदेह हुआ कि कर्मचारियों ने कुंडी लगाई है, जिसके बाद उन्होंने मैनेजर से शिकायत की और ऑटोमेशन रिकॉर्ड की जांच करने की मांग की।
जब मैनेजर ने रिकॉर्ड की जांच की, तो कर्मचारियों ने अपनी गलती स्वीकार कर ली। वीडियो में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि कर्मचारी मान रहे हैं कि उन्होंने 1000 रुपये के बजाय केवल 700 रुपये का तेल भरा।
महिला डॉक्टर और उनके परिजनों ने पेट्रोल पंप संचालक और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। विपन कुमार ने कहा कि उनके पेट्रोल पंप पर पूरा सिस्टम ऑटोमेटिक मशीनों से जुड़ा हुआ है और किसी ग्राहक को कोई परेशानी नहीं हुई।
पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन ने इस मामले में कर्मचारियों की जानकारी साझा की है, जबकि तेल कंपनी के अधिकारी मामले से अनजान होने का दावा कर रहे हैं। शिफाली चोपड़ा ने स्पष्ट किया कि यदि किसी भी प्रकार की संलिप्तता पाई गई, तो पेट्रोल पंप संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
FAQs
1. इस मामले में क्या कार्रवाई की गई है?
पेट्रोल पंप के मैनेजर ने दो कर्मचारियों को काम से निकाल दिया है और खाद्य एवं आपूर्ति विभाग द्वारा जांच शुरू कर दी गई है।
2. महिला डॉक्टर ने किस प्रकार की शिकायत की थी?
महिला डॉक्टर ने ऑटोमेशन रिकॉर्ड चेक करने और कर्मचारियों द्वारा कुंडी लगाने का संदेह जताया था।
3. क्या पेट्रोल पंप पर कोई अन्य ग्राहक भी मौजूद थे?
हाँ, मौके पर अन्य ग्राहक भी मौजूद थे जिन्होंने हंगामा किया और सख्त कार्रवाई की मांग की।